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जुलकरनैन,चतरा:प्रधानमंत्रीफसलबीमायोजनाकिसानोंकेबजायकंपनियोंकोमालामालकररहीहै।इसकाअंदाजामहजइसबातसेलगासकतेहैंकियोजनाकाशुभारंभसेलेकरअबतकजिलेकेकुल4,20,006किसानोंनेबीमाकराया।लेकिनउनमेंसेक्षतिपूर्तिकालाभसिर्फऔरसिर्फ16,279किसानोंकोमिलाहै।योजनाकीशुरूआतवर्ष2016-17मेंहुईहै।इनचारवर्षोंमेंधानएवंमक्काकीफसलोंकेलिएप्रीमियमकेरूपमेंविभिन्नकंपनियोंको1,08,34,93000रुपयेजमाकियागयाहै।

बीमाकंपनियोंनेउसकेएवजमेंमात्र2,24,92000रुपयेकाभुगतानकियाहै।इसप्रकारदेखाजाए,तोप्रधानमंत्रीफसलबीमाकेनामपरइंश्योरेंसकंपनियोंनेइनचारवर्षोंमें1.06अरबसेअधिककीराशिघोटगई।वहभीवैसेसमयमें,जबजिलेमेंसुखाड़कीस्थितिउत्पन्नरहीहै।फसलोंकाउत्पादनलक्ष्यकेअनुरूपनहींहुआहै।वर्ष2018मेंसरकारनेजिलेकेबारहमेंसेनौप्रखंडकोसुखाड़घोषितकियाथा।मजेकीबाततोयहहैकिइतनाकुछहोनेकेबादभीहरवर्षइंश्योरेंसकंपनियोंकोबदलदियाजाताहै।ऐसेमेंकिसानस्वयंकोठगामहसूसकररहेहैं।योजनाकीशुरूआतवर्षमेंजिलेके61,883किसानोंनेबीमाकरायाथा।उसवक्तप्रीमियमकोदोप्रतिशतकिसानोंकोदेनाथाऔरशेषकापचासप्रतिशतकेंद्रवपचासप्रतिशतराज्यसरकारनेभुगतानकियाथा।इसप्रकारकुल2694.11लाखरुपयेकाप्रीमियमबीमाकंपनीकोदियागयाथा।उसवक्तसरकारकेसाथराष्ट्रीयकृषिबीमाकंपनीऑफइंडियालिमिटेडकेसाथकरारथा।वर्ष2017-18मेंकुल1,01,285किसानोंनेफसलोंकाबीमाकरायाथा।जिसमेंकुल4099.67लाखरुपयेकाप्रीमियमइफ्फकोटोकियोनामककंपनीकोदियागयाथा।वर्ष2016-17और2017-18कोमिलकर16,279किसानोंकेबीचक्षतिपूर्तिकेरूपमें224.92लाखरुपयेकाभुगतानकियागया।इसकेबादफिरकभीकिसानोंकोबीमाकाभुगताननहींहुआहै।जबकि2018-19में1,42986किसानोंनेबीमाकराया।वहींचालूवित्तीयवर्ष2019-20में1,14,419किसानोंकाबीमाहुआहै।2018-19मेंसुखाड़जिलाघोषितहोनेकेबादभीबीमाबजाजएलियांजनेएकफूटीकौड़ीनहींदी।

वर्षवारफसलोंकेबीमाकाविवरण

वर्षकुलकिसानखेतीहे.मेंप्रीमियमलाखमें

कुल::::::4,20,0061,51,317.341,08,34.93

कईबारउठायागयामामला

फसलबीमाकीराशिकिसानोंकोदेनेकेलिएकईबारमामलाकोउठायागया।जिलायोजनासेलेकरजिलाबीससूत्रीकार्यक्रमक्रियान्वयनसमितितककीबैठकोंमेंजनप्रतिनिधियोंनेइसेप्रमुखतासेउठाया।लेकिनउसकालाभनहींहुआ।जिलाबीससूत्रीकार्यक्रमक्रियान्वयनसमितिकेजिलाउपाध्यक्षनवीनसाहकहतेहैंकियहदुखदहै।इंश्योरेंसकंपनियोंकेखिलाफकार्रवाईहोनीचाहिए।उन्होंनेकहाकिबीससूत्रीकीआगामीबैठकमेंउसेउठाएंगे।यदिउसकेबादभीकार्रवाईनहींहुई,तोहाईकोर्टमेंजनहितयाचिकादायरकरेंगे।उन्होंनेकहाकिजिसप्रकारसेकंपनियोंनेनीतिबनालीहै,उससेतोयोजनाकालाभकिसानोंकोजीवनमेंनहींमिलेगा।

हरबारबदलीगईकंपनी

सरकारकीनीतिभीअजब-गजबकीहोतीहै।सरकारीनीतियोंकेकारणहीइतनीअच्छीयोजनाकालाभयहांकेकिसानोंकोनहींमिलपारहीहै।वर्ष2016सेलेकरअबतकअर्थातचारवर्षोंमेंचारकंपनियोंकोबीमाकाकरारदातहुआहै।वर्ष2016-17मेंराष्ट्रीयकृषिबीमाकंपनीऑफइंडियालिमिटेडकेसाथएकरारनामाहुआथा।उसकेबादवर्ष2017-18मेंइफ्फकोटोकियोकेसाथकरारदातहुआ।वर्ष2018-19मेंबजाजएलियांजकेसाथकरारदातहुआऔरइसबाररॉयलसुंदरमकेसाथएमओयूहुआहै।:::::::::::::::

क्षतिपूर्तिकाभुगतानकेलिएसंबंधितकंपनियोंकोक्षेत्रीयप्रबंधककेमाध्यमसेपत्राचारकियाजारहाहै।भुगतानकोलंबितरखनेकेकारणहीकंपनियोंकोबदलागयाहै।

केडीदास,जिलासहकारितापदाधिकारी,चतरा।